PNN/ Faridabad: जिला स्तर पर आयोजित की जाने वाली राहगिरी के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों जागरूक करें। राहगीरी का मुख्य उद्देश्य प्रशासन, पुलिस और आम जनता एक साथ इक्कठा होकर सरकार द्वारा चलाए गए सामाजिक उत्थान के कार्यक्रमों में लोगों की अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित करके कार्यक्रमों बारे जागरूकता लाना है। राहगिरी में अधिकाधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए और इसका सोशल मीडिया के माध्यम से प्रचार करें. यह निर्देश मुख्यमंत्री के विशेष अधिकारी एवं एडीजीपी ओपी सिंह ने वीरवार को प्रदेश के लगभग एक दर्जन जिलों के अधिकारियों के साथ आगामी 1 दिसंबर को आयोजित की जाने वाली राहगीरी के बारे समीक्षा कर वीडियो कॉन्फ्रेंस के दौरान दिए।

ओपी सिंह ने राहगिरी कार्यक्रम को अधिक प्रभावशाली बनाने, अधिक से अधिक जनभागीदारी करने तथा राहगीरीे में आयोजित की जाने सास्कृतिक गतिविधियों की संख्या को बढ़ाने के संबंध में व्यापक दिशा-निर्देश भी दिए। 

एडीजीपी ओपी सिंह ने कहा कि 1दिसंबर को विश्व एड्स दिवस के अवसर पर राहगिरी कार्यक्रम में एड्स के प्रति जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करवाए जाने बारे विडियो कान्फ्रेंस में उपस्थित जिला चिकित्सा अधिकारियों को निर्देश दिए और इसमें स्वास्थ्य विभाग का सक्रियता बढ़ाने के लिए कहा।

उन्होंने कहा कि राहगिरी कार्यक्रम में सामाजिक उत्थान के स्वच्छता, जल शक्ति तथा नशारोधि अभियानों बारे समाज में अधिक से अधिक जागरूकता लाने के लिए सास्कृतिक गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जाए। इसमें प्रतिभागियों के लिए पेंटिंग प्रतियोगिता आदि का आयोजन करवाया जाए। उन्होंने राहगिरी में योग गतिविधियों को भी शामिल करने के संबंध में दिशा-निर्देश दिए। इसके साथ ही राहगिरी कार्यक्रम में शारीरिक छमता को बढ़ाने वाली  गतिविधियों को बढ़ावा देने की भी हिदायतें दी गईं। 

एडीजीपी ने कहा कि राहगिरी कार्यक्रम की पूर्व सूचना व कार्यक्रम उपरांत के समाचार व फोटो आदि सोशल मीडिया पर प्रसारित करने के लिए जिला सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारियों को कहा कि वे मीडिया के माध्यम से राहगीरी का अधिक से अधिक प्रचार प्रसार करें, ताकि  राहगिरी का संदेश अधिक से अधिक लोगों तक पहुंच सके। उन्होंने कहा कि फेसबुक, ट्वीटर व वट्सअप आदि के माध्यम से राहगिरी के फॉलोअर्स की संख्या बढ़ाई जाए। इस समय हरियाणा में राहगिरी कार्यक्रम साकारात्मक दिशा में जा रहा है। इसमें प्रतियोगिता के साथ-साथ सहयोग की भावना को बढ़ाना भी जरूरी है। जब आपसी सहयोग से लक्ष्य प्राप्त करने की दिशा में प्रयास किए जाते हैं, तो नागरिक समाज के उपयोगी अंग बनते हैं। उन्होंने कहा कि समस्याओं के समाधान की प्रवृति जीवन में सफलताओं के द्वार खोलती है।

पुलिस व प्रशासन के सभी विभागों के अधिकारी, कर्मचारी,  खिलाड़ी, विद्यार्थी, एनसीसी कैडेट व शहरवासी तथा नगर निगम व पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधि, समाज सेवी और समाजिक विकास के कार्य करने वाली संस्थाओं के प्रतिनिधियों सहित कालेजों, उच्च शैक्षणिक संस्थानों तथा स्कूलों के विद्यार्थियों को राहगीरी में भागीदारी बनाए। उन्होंने प्रशासनिक व पुलिस के अधिकारियों को राहगीरी के भव्य आयोजन की तैयारियों के बारे सुझाव सांझे किए।

 विडियो कान्फ्रेंस में फरीदाबाद के डीसीपी डॉ अर्पित जैन ने जिला में आगामी राहगीरी की तैयारियों की जानकारी  मुख्यमंत्री के स्पेशल ऑफिसर को दी। उन्होंने बताया कि आगामी 1 दिसंबर को स्थानीय बल्लभगढ़ के सैक्टर-2 राहगीरी का आयोजन किया जाएगा। 

 इसको लेकर एसडीएम बल्लभगढ़ त्रिलोक चंद  ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों की  अलग-अलग कार्यों के लिए ड्यूटी अभी लगाई हैं। उन्होंने बताया कि राहगीरी के माध्यम से आम जनता में आपसी भाईचारे को बनाए रखने के बारे अधिक से अधिक लोगों में जागरूकता पहुंचाने के लिए बच्चे, बुढ्ढे और जवान,  खिलाड़ियों व विद्यार्थियों का सहयोग लिया जाएगा।